मैं भौतिक जगत् में, धरती पर क्या लाना चाहती हूं : १. पूर्ण 'चेतना'। २. पूर्ण 'ज्ञान', सर्वज्ञता। ३. अजेय…
हे प्रभो, मैं तेरे आगे सदा एक कोरे पृष्ठ की तरह रहना चाहूंगी ताकि मेरे अन्दर तेरी इच्छा किसी कठिनाई…
क्या चेतना के सुधार से व्यक्ति की आर्थिक स्थिति सुस्थिर हो जाती है? यदि "चेतना के सुधार" का मतलब है…
अवसाद हमेशा तीव्र अहंकार का द्योतक होता है। जब तुम उसे अपने समीप आते हुए अनुभव करो तो अपने -…
मधुर माँ, ज्ञान और बुद्धि क्या हैं ? क्या हमारे जीवन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है ? ज्ञान और बुद्धि…
. . . (हे प्रभो!) तू यह निश्चय कब करेगा कि इस सारे प्रतिरोध के ग़ायब होने का समय आ…
बहुत समय पहले श्रीअरविन्द ने आश्रम में हर जगह यह अनुस्मारक लगवा दिया था जिसे तुम सब जानते हो :…
मधुर माँ, सचमुच "भगवान को पाने" का क्या अर्थ है? इसका अर्थ है अपने अन्दर या आध्यात्मिक शिखरों पर भगवान…
केवल अपने लिए अतिमानस को प्राप्त करना मेरा अभिप्राय बिल्कुल नहीं है - मैं अपने लिए कुछ भी नहीं कर…
मधुर माँ , जल्दी सोना और जल्दी उठना क्यों ज्यादा अच्छा है ? सूर्यास्त के समय एक तरह की शांति…