क्या आपके कार्य तथा श्रीमाँ के कार्य में कोई अन्तर है – मेरा मतलब है कि शक्ति की प्रभावकारिता में क्या कोई अन्तर है ?
नहीं, यह एक ही शक्ति है ।
संदर्भ : माताजी के विषय में
एक या दो बार, बस खेल-ही-खेलमें आपने अपनी या श्रीअरविंदकी कोई पुस्तक ली और सहसा…
मेरे प्यारे बालक, तुम हमेशा मेरी भुजाओं में रहते हो और मैं तुम्हें सुख-सुविधा देने,…