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श्रीअरविंद और श्रीमाँ का संसार

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ज्ञान

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लक्ष्य
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लक्ष्य

by श्रीअरविंद 3 सप्ताह ago3 सप्ताह ago
मुझ पर विश्वास रखो
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मुझ पर विश्वास रखो

by श्री माँ 3 महीना ago3 महीना ago
  • 320
    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्रीअरविंद के वचन

    ज्ञान

    ज्ञान है एक ऐसी एकाग्रता जिसकी परिणति एक जीवंत सिद्धि तथा हमारे अंदर तथा सबमें एकमात्र सत्ता की उपस्थिति – जिसके प्रति हम सचेतन हैं...

    श्री माँ
    by श्री माँ 5 महीना ago5 महीना ago
  • 990
    श्रीअरविंद का चित्र
    श्रीअरविंद के वचन

    जब मनुष्य अपने-आपको जान लेगा

    …. मनुष्य का कर्म एक ऐसी चीज़ है जो कठिनाइयों और परेशानियों से भरी हुई है, यह एक ऐसे बीहड़ वन के समान गहन और...

    श्रीअरविंद
    by श्रीअरविंद 7 महीना ago7 महीना ago
  • 370
    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्री माँ के वचन

    गपबाजी

    हर दुर्भावनापूर्ण शब्द, हर मिथ्यापवाद चेतना की अधोगति है। और जब यह मिथ्यापवाद भद्दी भाषा और गंवारू शब्दों में प्रकट किया जाता है तो यह आत्मघात...

    श्री माँ
    by श्री माँ 7 महीना ago7 महीना ago
  • 360
    श्रीमाँ का चित्र
    श्री माँ के वचन

    श्रीमां जो लाना चाहती हैं

    मैं भौतिक जगत् में, धरती पर क्या लाना चाहती हूं : १. पूर्ण ‘चेतना’। २. पूर्ण ‘ज्ञान’, सर्वज्ञता। ३. अजेय शक्ति, अप्रतिरोध्य और अपरिहार्य सर्वशक्तिमत्ता।...

    श्री माँ
    by श्री माँ 9 महीना ago9 महीना ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ के चरण
    श्री माँ के वचन

    ज्ञान और बुद्धि

    मधुर माँ,  ज्ञान और बुद्धि क्या हैं ? क्या हमारे जीवन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है ? ज्ञान और बुद्धि यथार्थ रूप में मनुष्य में...

    श्री माँ
    by श्री माँ 9 महीना ago9 महीना ago
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    महाप्रभु श्रीअरविंद घोष
    श्रीअरविंद के वचन

    सर्वदा आगे

    जब हमारे अंदर का ज्ञान नया होता है तब वह अजेय होता है; जब वह पुराना हो जाता है तब वह अपना गुण खो देता...

    श्रीअरविंद
    by श्रीअरविंद 1 वर्ष ago1 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्रीअरविंद के वचन

    एकांतवास

    एकांतवास का प्रेम इस बात का लक्षण है कि तुममें ज्ञान कि खोज करने की प्रवृत्ति है; परंतु स्वयं ज्ञान केवल तभी प्राप्त होता है...

    श्रीअरविंद
    by श्रीअरविंद 1 वर्ष ago1 वर्ष ago
  • 740
    महायोगी महर्षि श्रीअरविंद का चित्र
    श्रीअरविंद के वचन

    अंदर का ज्ञान

    जब हमारे अंदर का ज्ञान नया होता है तब वह अजेय होता है; जब वह पुराना हो जाता है तब वह अपना गुण खो देता...

    श्रीअरविंद
    by श्रीअरविंद 2 वर्ष ago2 वर्ष ago
  • 660
    महर्षि श्रीअरविंद घोष
    श्रीअरविंद के वचन

    जीवंत भगवान

    जो ज्ञान तुझे जीवन में प्राप्त है बस वैसा ही बन और उसी को जीवन में उतार; तभी तेरा ज्ञान होगा तेरे अन्दर विद्यमान जीवंत...

    श्रीअरविंद
    by श्रीअरविंद 2 वर्ष ago2 वर्ष ago
  • 170
    श्रीअरविंद और श्रीमाँ के दर्शन
    श्री माँ के वचन

    जगत् के बारे में तीन धारणाएँ

    १. बुद्ध और शंकर के मत: जगत् एक भ्रम है, वह अज्ञान के कारण, अज्ञान और दुःख का क्षेत्र है। करने लायक चीज़ बस यही...

    श्री माँ
    by श्री माँ 2 वर्ष ago2 वर्ष ago

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3 conditions of yoga auroville bases of yoga Mirra Alfassa Priti Das Gupta Sri Aurobindo Ashram sri aurobindo The Mother The Mother of Sri Aurobindo Ashram Pondicherry The Mother on Sports अध्यात्मिकता आंरोंविल आश्वासन कृपा निद्रा और स्वप्न पूर्ण योग प्रीति दास गुप्ता भागवत उपस्थिती भारत के लिये संदेश माताजी की झाकियां माताजी के वचन भाग-१ माताजी के वचन भाग-२ माताजी के वचन भाग - ३ माताजी के विषय में मातृवाणी योग योग समन्वय यौवन वयवहारिक ज्ञान साधकों के लिये विचार और सूत्र के प्रसंग में विश्वास व्यावहारिक ज्ञान साधकों के लिये शिक्षा के ऊपर श्रद्धा श्री अरविंद श्रीअरविंद श्रीअरविंद के वचन श्री अरविद श्री माँ श्री माँ अपने बारे में श्री माँ के बारें में श्री माँ के बारे में श्री माँ के संस्मरण श्री माँ शरीर के बारें में साधना साधना के संकेत श्री माँ द्वारा
  • स्थायी अचंचलता

    स्थायी अचंचलता

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    शांति मंत्र

    शांति मंत्र

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    घर और काम में साधना

    घर और काम में साधना

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    अपात्रता का भाव

    अपात्रता का भाव

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ
    दो चीज़ें

    दो चीज़ें

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ
    कभी मत बुड़बुड़ाओ

    कभी मत बुड़बुड़ाओ

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    सचेतन अभीप्सा की अवस्था

    सचेतन अभीप्सा की अवस्था

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    आंतरिक परिवर्तन

    आंतरिक परिवर्तन

  • महर्षि श्रीअरविंद का चित्र
    भागवत तत्त्व आवश्यक वस्तुओं को लिये चलता है

    भागवत तत्त्व आवश्यक वस्तुओं को लिये चलता है

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    निराशा से दूर रहो

    निराशा से दूर रहो

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ कक्षा लेते हुए
    क्या बच्चो को सज़ा देनी चाहिये?

    क्या बच्चो को सज़ा देनी चाहिये?

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    सच्चा सुख कब ?

    सच्चा सुख कब ?

  • श्रीमाँ का चित्र
    तेरा आश्वासन

    तेरा आश्वासन

  • श्रीअरविंद का चित्र
    आध्यात्मिक जीवन में सफलता

    आध्यात्मिक जीवन में सफलता

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    प्रार्थना

    प्रार्थना

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    समग्र योग का अर्थ

    समग्र योग का अर्थ

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्रद्धा के नेत्र

    श्रद्धा के नेत्र

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    माताजी की शक्ति

    माताजी की शक्ति

© 2026 श्रीअरविंद और श्रीमाँ के चरणों में In Search of The Mother

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