श्रीअरविंद तथा श्रीमाँ के प्रभाव को ग्रहण करने के लिए श्रद्धा के साथ-साथ आवश्यकता है बस आध्यात्मिक पथ का अनुसरण…
आपने कहा है कि गलत गति का दमन करने से वह बस दब जाती है, यदि उसे पूरी तरह निकालना…
यह आश्रम दूसरे आश्रमों की तरह नहीं है - यहाँ के सदस्य सन्यासी नहीं हैं, वास्तव में यहाँ योग का…
इस आश्रम का निर्माण आम तौर पर ऐसी संस्थाओं के लिए निर्धारित एक-समान उद्देश्य की अपेक्षा अन्य उद्देश्य के साथ…
जो मन की पहुँच से अति परे है मैं वह परम गुह्यता हूं, सूर्यों की श्रमसाध्य परिक्रमाओं की मैं लक्ष्य…
श्रीमाँ के साथ आन्तरिक संपर्क बढ़े - जब तक वह न होगा, बाहरी संपर्को की बहुलता के द्वारा आसानी से…