अगर तुम सचमुच कुछ भला करना चाहते हो तो सबसे अच्छी चीज़ जो तुम कर सकते हो वह यह है कि एक के बाद एक पूरी सच्चाई के साथ अपने अन्दर विजय प्राप्त करो । इस तरह तुम संसार के लिये अपनी क्षमता के अनुसार अधिक से अधिक कर सकोगे।
संदर्भ : प्रश्न और उत्तर १९५३
एक या दो बार, बस खेल-ही-खेलमें आपने अपनी या श्रीअरविंदकी कोई पुस्तक ली और सहसा…
मेरे प्यारे बालक, तुम हमेशा मेरी भुजाओं में रहते हो और मैं तुम्हें सुख-सुविधा देने,…