हमें वह वीर योद्धा बना जो बनने के लिए हम अभिप्सा करते हैं। वर दे कि हम डटे रहने का प्रयास करने वाले भूत के विरुद्ध, सफलतापूर्वक उस भविष्य का युद्ध लड़ सकें जो अभी जन्म लेने को है, ताकि नयी चीज़ें अभिव्यक्त हो सकें और हम उन्हें ग्रहण करने योग्य बनें ।
संदर्भ : शिक्षा के ऊपर
भारत को फिर से अपनी आत्मा को पाना और अभिव्यक्त करना होगा । संदर्भ : माताजी…
सोने से पहले, जब तुम सोने के लिए लेटो, तो भौतिक रूप से अपने-आपको शिथिल…
मधुर माँ, क्या नींद में अपने ऊपर पूरी तरह नियंत्रण पाना संभव है ? उदाहरण…
व्यापक दृष्टि से विचार करने पर मुझे ऐसा लगता है कि प्रचार करने योग्य सबसे…
तुम पानी में गिर पड़ते हो। वह विपुल जलराशि तुम्हें भयभीत नहीं करती। तुम हाथ-पांव…
अंदर की बेचैनी ही तुम्हें आंतरिक और बाह्य रूप से नींद लेने से रोकती है।…