श्रेणियाँ श्री माँ के वचन

एकमात्र मार्ग

जो लोग सत्यके अनुसार अपना-जीवन व्यतीत करना चाहते हैं, उनके लिये एकमात्र मार्ग है भागवत उपस्थिति के प्रति सचेतन होना और केवल उन्हीं की इच्छा के अनुसार जीवन बिताना ।

अशुभ और कष्ट से बचने का एकमात्र मार्ग यही है; सदा शांति, प्रकाश और आनंद में निवास करनेका भी यही एकमात्र मार्ग है ।

सन्दर्भ : ‘विचार और सूत्र’ के प्रसंग में

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