श्री माँ के वचन

प्रकाश की ओर मुड़ो

कल मैने लिखा था कि एक गंभीर स्थिरता है लेकिन आज केवल एक गंभीर विक्षोभ है !   एक ही…

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कार्य की अनिवार्यता

क्या बाहरी जीवन, प्रतिदिन और प्रतिक्षण की क्रियाशीलता हमारे ध्यान और निदिध्यासन के घण्टों का अनिवार्य पूरक नहीं है? और…

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उदाहरण सबसे अच्छा प्रशिक्षक है

उदाहरण सबसे अधिक प्रभावी प्रशिक्षक है। किसी बच्चे से ऐसे नियम-पालन के लिए कभी न कहो जिसका अनुसरण स्वयं तुम…

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भगवती श्री माँ का दृष्टिकोण 

​तुम्हारी मानव-दृष्टि चीजों को एक सीधी लकीर में देखती है । तुम्हारे लिए या तो यह तरीका है या वह…

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अपनी चेतना को विस्तृत करों

​सारी मुश्किल इस बात से आती है कि तुम किसी के साथ तब तक सामञ्जस्य नहीं कर सकते जब तक…

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श्रीमाँ का आश्वासन

​..मेरे और तुम्हारे बीच एक विशेष सम्बन्ध है, उन सबके साथ जो मेरी और श्रीअरविन्द की शिक्षा की ओर मुंडे…

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अकेलेपन का अनुभव

मनुष्यों के बीच में अकेलेपन का अनुभव करना इस बात का चिन्ह है कि तुम अपनी सत्ता के अंदर भगवान…

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चेतना की खिड़कियाँ

हमारी मानव चेतना में ऐसी खिड़कियाँ हैं जो शाश्वत में खुलती हैं । लेकिन मनुष्य साधारणत: इन खिड़कीयों को सावधानी…

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सबल और स्वस्थ शरीर

​यह न भूलो कि हमारे योग में सफल होने के लिए तुम्हारे पास सबल ओर स्वस्थ शरीर होना चाहिये। इसके…

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उचित मनोवृत्ति की शक्ति

. . . ' जो हो सकता है उसमें अच्छे-से-अच्छे ' की समस्या व्यक्तिगत समस्या है , यह व्यक्ति भले…

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