एकाग्रता का मतलब

हमारे योग में एकाग्रता का मतलब है जब चेतना किसी विशेष स्थिति में (जैसे शांति में) या किसी क्रिया में (जैसे अभीप्सा, संकल्प, श्रीमाँ के साथ संपर्क, श्रीमाँ का नाम-जप में) केंद्रीभूत होती है । और ध्यान वह है जब आन्तरिक मन चीजों का सम्यक ज्ञान प्राप्त करने के लिए उनका अवलोकन करता है ।

संदर्भ : श्रीअरविंद के पत्र (भाग-२)

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