श्रीअरविंद प्रभु के सनातन अवतार हैं,
अगर हम उनकें साथ सतत संपर्क में रह सकें और आवश्यक कार्य कर सकें तो वे हमेशा हमारे साथ ही रहते हैं ;
और वह कार्य है – बस उनसे प्रेम करना।
संदर्भ – सफेद गुलाब
एक या दो बार, बस खेल-ही-खेलमें आपने अपनी या श्रीअरविंदकी कोई पुस्तक ली और सहसा…
मेरे प्यारे बालक, तुम हमेशा मेरी भुजाओं में रहते हो और मैं तुम्हें सुख-सुविधा देने,…