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श्रीअरविंद और श्रीमाँ का संसार

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पथ पर

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दो चीज़ें
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दो चीज़ें

by श्री माँ 3 सप्ताह ago3 सप्ताह ago
तुम्हारा समय बीत गया
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तुम्हारा समय बीत गया

by श्री माँ 1 महीना ago1 महीना ago
  • 410
    श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ
    श्री माँ के वचन

    तुम्हारा चुनाव

    तुम इस समय यहाँ, यानी, धरती पर इसलिए हो क्योंकि एक समय तुमने यह चुनाव किया था – अब तुम्हें उसकी याद नहीं हैं, पर...

    श्री माँ
    by श्री माँ 6 महीना ago6 महीना ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्री माँ के वचन

    पूर्णयोग का अर्थ

    पूर्णयोग का अर्थ यह नहीं है कि व्यक्ति इस भौतिक जगत् को सदा के लिए इसके भाग्य पर छोड़ कर इससे भाग खड़ा हो, न...

    श्री माँ
    by श्री माँ 1 वर्ष ago1 वर्ष ago
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    The Mother of Sri Aurobindo Ashram
    श्री माँ के वचन

    मन का उत्तर या चैत्य का उत्तर 

    ​जो अपने चैत्य पुरुष के बारे में पूरी तरह सचेतन हैं उनके लिये अपने-आपको धोखा देना संभव नहीं है क्योंकि, अगर वे अपनी समस्या चैत्य...

    श्री माँ
    by श्री माँ 2 वर्ष ago2 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ
    श्री माँ के वचन

    निराशावाद – शैतान का महान अस्त्र

    निराशावाद शैतान का अस्त्र है और वह अपनी स्थिति को भांप लेता है … (हिलाने का संकेत) । हां, तो मैं जिस सम्भावना को देख...

    श्री माँ
    by श्री माँ 2 वर्ष ago2 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ का चित्र
    श्री माँ के वचन

    एक निर्दोष आवश्यकता

    जो बुद्धि के उच्चतर स्तरों पर पहुंच चुके है, लेकिन जिन्होंने मानसिक क्षमताओं पर अधिकार नहीं पाया है उनमें एक निर्दोष आवश्यकता यह होती है...

    श्री माँ
    by श्री माँ 3 वर्ष ago3 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्री माँ के वचन

    चिंता

    चिंता करना जहर का प्याला पीने के समान है । संदर्भ : पथ पर 

    श्री माँ
    by श्री माँ 3 वर्ष ago3 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ
    श्री माँ के वचन

    न कुछ शुभ,न कुछ अशुभ

    किसी भी ग़लत गति को भूमिगत की जगह उसे निवेदित कर देना चाहिये। उस चीज़ को, स्वयं उस गति को प्रकाश के सामने प्रक्षिप्त करना...

    श्री माँ
    by श्री माँ 3 वर्ष ago3 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    श्री माँ के वचन

    संक्रमण-काल

    स्पष्टतः, अभी यह एक संक्रमण-काल है जो काफ़ी लम्बे समय तक रह सकता है और है भी कष्टदायक। कभी-कभी इस कष्टदायक प्रयास (बहुधा कष्टदायक) की...

    श्री माँ
    by श्री माँ 3 वर्ष ago3 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ दर्शन देते हुये
    श्री माँ के वचन

    अनिवार्य अवस्था

    जो कुछ ग्रहणशील नहीं है वह सब कुचले जाने का अनुभव करता है, लेकिन जो ग्रहणशील है वह इसके विपरीत एक… एक प्रबल विस्तार का...

    श्री माँ
    by श्री माँ 6 वर्ष ago6 वर्ष ago
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    श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ का चित्र
    श्री माँ के वचन

    प्राचीन चीज़ें और पूर्ण योग

    मैं रामायण – महाभारत की कहानियों और तुलसी, कबीर, मीरा आदि के गीतों पर बहुत ज़ोर देता हूँ। क्या इन प्राचीन चीजों को जारी रखना...

    श्री माँ
    by श्री माँ 6 वर्ष ago6 वर्ष ago

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3 conditions of yoga auroville bases of yoga Mirra Alfassa Priti Das Gupta Sri Aurobindo Ashram sri aurobindo The Mother The Mother of Sri Aurobindo Ashram Pondicherry The Mother on Sports अध्यात्मिकता आंरोंविल आश्वासन कृपा निद्रा और स्वप्न पूर्ण योग प्रीति दास गुप्ता भागवत उपस्थिती भारत के लिये संदेश माताजी की झाकियां माताजी के वचन भाग-१ माताजी के वचन भाग-२ माताजी के वचन भाग - ३ माताजी के विषय में मातृवाणी योग योग समन्वय यौवन वयवहारिक ज्ञान साधकों के लिये विचार और सूत्र के प्रसंग में विश्वास व्यावहारिक ज्ञान साधकों के लिये शिक्षा के ऊपर श्रद्धा श्री अरविंद श्रीअरविंद श्रीअरविंद के वचन श्री अरविद श्री माँ श्री माँ अपने बारे में श्री माँ के बारें में श्री माँ के बारे में श्री माँ के संस्मरण श्री माँ शरीर के बारें में साधना साधना के संकेत श्री माँ द्वारा
  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    वही सोचो जो तुम बनना चाहते हो

    वही सोचो जो तुम बनना चाहते हो

  • श्रीअरविन्द आश्रम की श्रीमाँ
    मेरे आशीर्वाद बहुत भयंकर हैं 

    मेरे आशीर्वाद बहुत भयंकर हैं 

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ
    सत्य की शक्ति

    सत्य की शक्ति

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्री माँ जापान में
    वर्षों का भार

    वर्षों का भार

  • श्रीमाँ का चित्र
    सच्ची पराजय

    सच्ची पराजय

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    कुछ भी असंभव नहीं

    कुछ भी असंभव नहीं

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    माताजी की ओर खुलना

    माताजी की ओर खुलना

  • महर्षि श्रीअरविंद अपने कक्ष में
    विनम्रता

    विनम्रता

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    विनम्र बनने का गलत तरीका

    विनम्र बनने का गलत तरीका

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    आध्यात्मिक जीवन की बाधा

    आध्यात्मिक जीवन की बाधा

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    मैं तुम्हारे साथ हूं

    मैं तुम्हारे साथ हूं

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    सतत ‘उपस्थिती’

    सतत ‘उपस्थिती’

  • महाप्रभु श्रीअरविंद घोष
    आत्मा का अनुगमन

    आत्मा का अनुगमन

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    पूंजीवाद

    पूंजीवाद

  • स्थायी अचंचलता

    स्थायी अचंचलता

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    शांति मंत्र

    शांति मंत्र

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    घर और काम में साधना

    घर और काम में साधना

  • श्रीअरविंद आश्रम की श्रीमाँ
    अपात्रता का भाव

    अपात्रता का भाव

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