सदा सही काम

तुम सदा सही काम कर सको इसके लिए यदि तुम बहुत अधिक चाहते हो कि तुम्हें चेतना मिले और इसके लिए तुम अभीप्सा भी करते हो तो यह तुम्हें इन तरीकों में से किसी एक से प्राप्त हो सकती है :

१. तुम्हें अपनी गतियों का इस ढंग से परीक्षण करने कि आदत या क्षमता प्राप्त हो सकती है कि तुम प्रेरणा को आते हुये देख सको और साथ ही उसके स्वरूप को भी जान सको ।

२. ऐसी चेतना प्राप्त हो सकती है कि जब भी तुम्हारें अंदर बुरा विचार या बुरे काम की प्रेरणा या बुरा भाव उठे तो तुम्हें बेचैनी-से महसूस हो ।

३. जब कभी तुम कुछ बुरा काम करने लगें तो तुम्हारें अंदर कोई चीज़ तुम्हें सावधान कर दे और रोक दे ।

 

संदर्भ : श्रीअरविंद के पत्र

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